संजय सोनपिपरे संपादक, उजाला टुडे कोंडागांव
वीर बाल दिवस पर कोंडागांव में गूंजी शौर्य की गाथा: पूर्व सैनिकों ने सम्मानित किए उभरते खिलाड़ी
उजाला टुडे कोंडागांव 26 दिसम्बर 2025- कोंडागांव: साहस, त्याग और समर्पण के प्रतीक ‘वीर बाल दिवस’ के अवसर पर अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद, कोंडागांव द्वारा विकास नगर स्टेडियम में एक गरिमामय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान परिषद द्वारा संचालित निशुल्क सैन्य प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे उन युवक-युवतियों को सम्मानित किया गया, जिन्होंने खेल जगत में जिले का मान बढ़ाया है।
गंगाबाई नेताम और अन्य खिलाड़ियों ने लहराया परचम
कार्यक्रम में विशेष रूप से ट्रांसजेंडर गंगाबाई नेताम को सम्मानित किया गया, जिन्होंने राष्ट्रीय ट्रांसजेंडर खेल महोत्सव 2025 की दौड़ प्रतियोगिता में द्वितीय स्थान प्राप्त कर कोंडागांव का नाम रोशन किया है। इसके साथ ही, सांसद खेल महोत्सव में कबड्डी, दौड़, एथलेटिक्स और तवा फेंक (डिस्कस थ्रो) जैसी स्पर्धाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विजेताओं को भी पुरस्कृत किया गया।
विजेता प्रतिभागियों ने अपनी सफलता का श्रेय पूर्व सैनिकों को देते हुए कहा कि परिषद द्वारा दिए जा रहे कड़े अनुशासन और नि:शुल्क प्रशिक्षण के कारण ही वे इस मुकाम तक पहुंच पाए हैं।
साहिबजादों की शहादत को किया याद
कार्यक्रम के दौरान बस्तर संभाग प्रभारी सुब्रत साहा ने युवाओं को वीर बाल दिवस के महत्व से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि:
- यह दिन गुरु गोबिंद सिंह जी के दो छोटे साहिबजादों, बाबा जोरावर सिंह जी और बाबा फतेह सिंह जी के अद्वितीय साहस को समर्पित है।
- धर्म की रक्षा के लिए उन्होंने अपना बलिदान दिया, जिसे याद रखने के लिए भारत सरकार ने 2022 में इस दिवस की घोषणा की थी।
जिला अध्यक्ष सूरज यादव ने साहिबजादों के बलिदान की हृदयस्पर्शी गाथा साझा करते हुए कहा, “मात्र छोटी सी उम्र में इस्लाम कबूल न करने पर उन्हें दीवार में जिंदा चुनवा दिया गया था। उनका यह बलिदान हमें विपरीत परिस्थितियों में भी धैर्य और दृढ़ता बनाए रखने की प्रेरणा देता है।”
एकता और प्रेरणा का संदेश
पूर्व सैनिकों ने युवाओं को राष्ट्रीय एकता और भाईचारे का संदेश देते हुए राष्ट्र सेवा के प्रति संकल्पित रहने के लिए प्रेरित किया। इस आयोजन ने न केवल खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया, बल्कि नई पीढ़ी को देश के गौरवशाली इतिहास से भी जोड़ा।




