संजय सोनपिपरे संपादक, उजाला टुडे कोंडागांव
हाईवे पर क्रूरता की हद! NH-30 पर 5 मवेशियों को रौंदकर भागा अज्ञात वाहन, एक को 300 मीटर तक घसीटा
कोंडागांव: रात 2 बजे हुआ कांड, घंटों बाद भी पुलिस मौके से नदारद; स्थानीय लोगों का फूटा गुस्सा, ‘CCTV खराब हैं, ये कैसी सुरक्षा?’
उजाला टुडे कोंडागांव 11 अक्टूबर 2025- कोंडागांव राष्ट्रीय राजमार्ग (NH) 30 पर बीती देर रात तक़रीबन 2:00 बजे मानवता को शर्मसार कर देने वाली एक बेहद क्रूर घटना सामने आई है। नेताम हॉस्पिटल के पास एक तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने सड़क पर भटक रहे पांच मवेशियों को बेरहमी से कुचल दिया। यह हादसा इतना भयानक था कि वाहन चालक एक मवेशी को टक्कर मारने के बाद लगभग 300 मीटर तक घसीटता हुआ ले गया, जिससे उसकी घटनास्थल पर ही दर्दनाक मौत हो गई।
घटना के घंटों बाद भी पुलिस नदारद, लोग भड़के
सुबह जब स्थानीय लोगों ने सड़क पर मवेशियों के क्षत-विक्षत शव देखे तो इलाके में हड़कंप मच गया। निवासियों ने तुरंत पुलिस को घटना की सूचना दी, लेकिन खबर लिखे जाने तक पुलिस टीम घंटों बाद भी मौके पर नहीं पहुंची थी।
स्थानीय लोगों में पुलिस की इस घोर लापरवाही को लेकर भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि सड़क पर इतने बड़े हादसे के बाद भी पुलिस का समय पर न पहुंचना, क्षेत्र की कानून व्यवस्था और संवेदनशीलता पर सवाल खड़े करता है।
सीसीटीवी खराब होने से जांच पर बड़ा सवाल
लोगों के गुस्से को और भड़काने वाली बात यह सामने आई है कि चालक की पहचान के लिए एकमात्र सहारा माने जाने वाले सड़क किनारे लगे सीसीटीवी कैमरे भी खराब पड़े हैं। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा, “हादसा होता है तो पुलिस गायब रहती है और अब क्रूर चालक को पकड़ने के लिए जो कैमरे लगाए गए थे, वे भी खराब हैं! यह कैसी सुरक्षा व्यवस्था है?” लोगों का मानना है कि सीसीटीवी खराब होने का सीधा फायदा आरोपी चालक को मिलेगा।
लापरवाह मालिकों पर कड़ी कार्रवाई की मांग
आक्रोशित लोगों ने इस घटना के लिए तीन मोर्चों पर जिम्मेदारी तय करने की मांग की है:
- मवेशी मालिक: सबसे पहले, उन लापरवाह मवेशी मालिकों पर कड़ी कार्रवाई हो जो अपने पशुओं को रात के अंधेरे में हाईवे पर खुला छोड़ देते हैं, जिससे ऐसे हादसे होते हैं।
- फरार चालक: क्रूरता से मवेशियों को रौंदकर भागने वाले अज्ञात चालक को जल्द से जल्द पकड़ा जाए।
- प्रशासनिक लापरवाही: पुलिस की देर से पहुंचने और खराब पड़े सीसीटीवी कैमरों के लिए जिम्मेदार अधिकारियों पर जवाबदेही तय की जाए।
स्थानीय निवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस मामले में सख्त कदम नहीं उठाए गए और हाईवे पर सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त नहीं की गई, तो वे बड़े आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।



