संपादक, संजय सोनपिपरे उजाला टुडे कोंडागांव
कोंडागांव: आयुष्मान भारत योजना के तहत गांवों में दस्तक, ‘पारा वार’ 10 दिवसीय शिविर लगाकर बनाए जा रहे हैं आयुष्मान कार्ड
कलेक्टर के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग मुस्तैद; स्कूल पारा और नया पारा में दर्जनों ग्रामीणों को मिला लाभ
उजाला टुडे कोंडागांव 19 मई 2026-कोंडागांव:शासन की महत्वाकांक्षी ‘आयुष्मान भारत योजना’ के तहत जिले के प्रत्येक परिवार का आयुष्मान कार्ड सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने पूरी ताकत झोंक दी है। कलेक्टर के सख्त निर्देश के बाद स्वास्थ्य विभाग ग्रामीण स्तर पर सक्रिय हो गया है। इसी कड़ी में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. आर. के. चतुर्वेदी के मार्गदर्शन में प्रत्येक आयुष्मान आरोग्य मंदिर के आश्रित ग्रामों और पारा-टोलों में विशेष कार्ययोजना बनाकर छूटे हुए हितग्राहियों के कार्ड बनाए जा रहे हैं।
संबलपुर केंद्र में 10 दिवसीय ‘पारा वार’ मास्टर प्लान
विकासखंड कोंडागांव के अधीनस्थ केंद्र संबलपुर में छूटे हुए नागरिकों और नए राशन कार्ड धारी परिवारों के लिए 10 दिवसीय विशेष कार्ययोजना तैयार की गई है। सेक्टर प्रभारी कृष्ण कुमार पटेल और स्वास्थ्य पर्यवेक्षक संजय नायडू ने बताया कि ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक मयंक देवांगन, सीएचओ निर्मला नेताम और जगदाय सोरी ने स्थानीय मितानिनों के साथ बैठक कर इस सूक्ष्म कार्ययोजना को अंतिम रूप दिया है, जिसके तहत प्रतिदिन अलग-अलग पारा (मोहल्लों) में शिविर लगाए जा रहे हैं।
शिविरों को मिल रही बड़ी सफलता, विलोपन की प्रक्रिया भी तेज
इस विशेष अभियान के तहत बीते दो दिनों में उल्लेखनीय प्रगति दर्ज की गई है:
- 18 मई (स्कूल पारा): इस शिविर में 28 नए आयुष्मान कार्ड बनाए गए। इसके साथ ही 32 ऐसे हितग्राहियों की पहचान की गई जिनके पुराने राशन कार्ड के आधार पर बने आयुष्मान कार्ड को विलोपित (Delete) किया जाना है।
- 19 मई (नया पारा): यहाँ कुल 39 नए आयुष्मान कार्ड तैयार किए गए और 19 पुराने कार्डों को विलोपित करने की सूची जिला आयुष्मान शाखा को भेजी गई, ताकि तकनीकी त्रुटि सुधार कर इनके नए कार्ड जल्द बनाए जा सकें।

मितानिनों ने संभाली कमान, ‘डोर-टू-डोर’ जन-जागरूकता
इस अभियान को सफल बनाने में स्थानीय मितानिन पुषवती पटेल और सन्मति पोयम की सराहनीय भूमिका रही। उन्होंने अपने-अपने पारा में घर-घर (डोर-टू-डोर) भ्रमण कर ग्रामीणों को राशन कार्ड और परिवार के सभी सदस्यों के आवश्यक पहचान दस्तावेज लेकर शिविर स्थल तक पहुँचने के लिए प्रेरित किया।
ग्रामीणों को समय पर जानकारी मिले, इसके लिए शिविर से एक दिन पूर्व संबंधित मितानिनों को सूचित किया जा रहा है। साथ ही ग्रामीण स्तर पर बने व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से भी लगातार संदेश प्रसारित किए जा रहे हैं।
अस्पताल में आयुष्मान कार्ड ले जाना है, खुशी-खुशी इलाज कराना है
स्वास्थ्य अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि वे शासन की इस जनकल्याणकारी योजना का अधिक से अधिक लाभ उठाएं। इस कार्ड के माध्यम से शासकीय अस्पतालों के साथ-साथ राज्य के कई चिन्हांकित निजी अस्पतालों में भी 5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज उपलब्ध कराया जा रहा है।
”पहले से इलाज हुआ अब आसान, प्रधानमंत्री जन स्वास्थ्य योजना आया लेकर कार्ड आयुष्मान।”
“अस्पताल जाते समय आयुष्मान कार्ड लेकर जाएँ, 5 लाख तक मुफ्त इलाज पाएँ।”
यह कार्यक्रम आगामी दिनों में भी लक्ष्य हासिल होने तक क्षेत्र के अलग-अलग पारा-टोलों में निरंतर जारी रहेगा।



