संपादक, संजय सोनपिपरे उजाला टुडे कोंडागांव
भ्रष्टाचार का ‘गढ़’ बना कोंडागांव BEO कार्यालय: पेंशन के नाम पर 40 हजार की घूस लेते बाबू रंगे हाथ गिरफ्तार
उजाला टुडे कोंडागांव 06 फरवरी 2026- कोंडागांव: छत्तीसगढ़ के कोंडागांव जिले से भ्रष्टाचार की एक बड़ी खबर सामने आई है। विकासखंड शिक्षा अधिकारी (BEO) कार्यालय में पदस्थ एक बाबू को एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) जगदलपुर की टीम ने 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। ताज्जुब की बात यह है कि इसी कार्यालय में ACB की यह तीसरी बड़ी कार्रवाई है।
क्या है पूरा मामला?
मिडिल स्कूल सरपंच पारा (राणापाल) में पदस्थ रहे शिक्षक सोनसिंह यादव 31 दिसंबर 2025 को सेवानिवृत्त हुए थे। अपनी मेहनत की कमाई और बुढ़ापे का सहारा ‘पेंशन’ शुरू करवाने के लिए वे लगातार BEO कार्यालय के चक्कर लगा रहे थे। आरोप है कि कार्यालय में पदस्थ बाबू सतीश सोढ़ी ने पेंशन प्रकरण तैयार करने और फाइल आगे बढ़ाने के एवज में उनसे 40 हजार रुपये की मांग की।
मानसिक प्रताड़ना और ACB का जाल
पेंशन के लिए भटक रहे सोनसिंह यादव रिश्वत की मांग से बेहद परेशान थे। आखिरकार उन्होंने भ्रष्टाचार के सामने झुकने के बजाय भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) जगदलपुर की शरण ली। शिकायत की पुष्टि होने के बाद, उप पुलिस अधीक्षक रमेश मरकाम के नेतृत्व में एक टीम गठित की गई। योजना के मुताबिक, जैसे ही पीड़ित ने बाबू सतीश सोढ़ी को रिश्वत की रकम थमाई, पहले से घात लगाकर बैठी ACB की टीम ने उसे रंगे हाथों दबोच लिया।
सवालों के घेरे में BEO कार्यालय
कोंडागांव का बीईओ कार्यालय अब भ्रष्टाचार का केंद्र बनता जा रहा है। सतीश सोढ़ी से पहले भी यहाँ दो बार छापेमारी हो चुकी है:
- पंचम लाल देवांगन (क्लर्क) – रिश्वतखोरी के मामले में पकड़े जा चुके हैं।
- जयंती देवांगन – इन पर भी पूर्व में भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप में कार्रवाई हुई है।
बार-बार हो रही इन गिरफ्तारियों ने विभाग की कार्यप्रणाली और उच्च अधिकारियों की निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर एक ही दफ्तर में बार-बार रिश्वतखोरी के मामले कैसे सामने आ रहे हैं?
अहम बयान:
“पेंशन प्रकरण के लिए मुझे लगातार परेशान किया जा रहा था। मजबूरी में मुझे ACB की मदद लेनी पड़ी।” > — सोनसिंह यादव,शिकायतकर्ता
“शिकायत के आधार पर जाल बिछाया गया था। आरोपी बाबू सतीश सोढ़ी को 40 हजार रुपये लेते गिरफ्तार किया गया है। आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है।” > — रमेश मरकाम, उप पुलिस अधीक्षक, ACB जगदलपुर
